एक युवती के साथ सामूहिक दुष्कर्म का मामला सामने आया है।मामला प्रखंड के चौरम गांव का है।पीड़ता का बयान औरंगाबाद महिला थाना में दर्ज हुआ है। दो दिन बीत जाने के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तार नही होने पर दाउदनगर थाना क्षेत्र के चौरम गांव के ग्रामीण उग्र हो गए। ग्रामीणों ने अपने हाथों में तख्तियां लेकर चौरम गांव से दाउदनगर थाना तक करीब पांच किलोमीटर की दूरी तक प्रदर्शन करते हुए पैदल मार्च किया।ग्रामीणों में महिला पुरुष दोनों शामिल थे। इनके हाथों में नारे लिखी तख्तियां थी, जिसमें दुष्कर्म के आरोपितों को गिरफ्तार करने, आरोपितों को कड़ी सजा देने समेत अन्य मांग की जा रही थी।प्रदर्शनकारी मुख्यमंत्री से इस मामले को का संज्ञान लेकर कार्रवाई करने की मांग कर रहे थे। पहले पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को दाउदनगर बारुण रोड स्थित कदम तल इलाके के पास समझा-बुझाकर रोकने का प्रयास किया, लेकिन आक्रोशित ग्रामीण सुनने को तैयार नहीं थे और वहां के बाद और आक्रोशित होते हुए टायर जलाकर प्रदर्शन करते हुए दाउदनगर थाना तक पहुंचे। थाना के बाहर इनके द्वारा आक्रोशपूर्ण प्रदर्शन किया गया। ग्रामीणों की मांग आरोपितों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की थी ।करीब आधे घंटे से भी अधिक समय तक ग्रामीणों का प्रदर्शन चलता रहा। थानाध्यक्ष राजकुमार ,सब इंस्पेक्टर मुकेश कुमार भगत मोहम्मद अरमान आदि ने समझा-बुझाकर ग्रामीणों को शांत कराया और ग्रामीणों के शिष्टमंडल से थाना के अंदर बैठकर काफी देर तक वार्ता की जिसमें पीड़ीत युवती के परिजन भी शामिल रहे।थानाध्यक्ष ने ग्रामीणों को समझाते हुए कहा कि महिला थाना औरंगाबाद में दो नामजद आरोपितों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। पुलिस छापेमारी कर रही है ।थानाध्यक्ष ने उन्हें आश्वस्त किया कि 24 घंटे के भीतर आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
बेहोश मिली थी युवती:
प्राप्त जानकारी के अनुसार गुरुवार की रात लगभग आठ बजे युवती शौच के लिए अपने घर से निकली थी।तभी गांव के दो युवकों द्वारा उसे उठाकर माली लाइन नहर के समीप ले जाया गया ।जहां उसके साथ गैंग रेप किया गया।युवती को बेहोशी के हालत में छोड़ आरोपित भाग निकले। रात भर युवती वहीं बेहोश पड़ी रही। सुबह तक युवती लौट कर घर नहीं आई तो परिजनों ने सुबह में खोजबीन आरंभ किया । कुछ ग्रामीण जब नहर के तरफ गए तो युवती को बेहोश देख शोर मचाया।परिजन को जब पता चला तो वे सभी वहां पहुंचे ,युवती को पहचानते हीं देख दहाड़ मार कर रोने लगे। ग्रामीणों के मदद से युवती को स्थानीय पीएचसी चिकित्सालय लाया गया।यहां प्राथमिक चिकित्सा के बाद उसे सदर हॉस्पिटल औरंगाबाद रेफर किया गया। वहां से युवती को बॉस क्लीनिक डेहरी ले जाया गया जहां होश आने पर युवती ने पुलिस के समक्ष बयान दिया है ।
