
नगर भवन में गुरुवार को आयोजित एक प्रेस वार्ता में दाउदनगर में एक महीने तक जादू दिखलाने पहुंचे जादूगर शुक्ला सरकार के जादूगर राकेश कुमार शुक्ला ने कहा है कि जादू कुछ नहीं विज्ञान और हाथ की सफाई का खेल है। लोग इसे अंधविश्वास से जोड़कर ना देखें और मनोरंजक खेल की तरह आनंद उठाएं।भारत की 64 कलाओं में से सर्वश्रेष्ठ जादू एक कला है। श्री शुक्ला एवं उनके सहयोगी राहुल कुमार राज ने कहा कि वे लोग जादू के माध्यम से जन जागरूकता फैलाने का काम भी कर रहे हैं ।समाज में व्याप्त अंधविश्वास को दूर करना उद्देश्य है ।नशा मुक्ति ,जल संरक्षण,पर्यावरण संरक्षण, बेटी बचाओ ,बेटी पढ़ाओ मुद्दों पर भी जादू का प्रदर्शन करते हुए आम लोगों को जागरुक करने का प्रयास कर रहे हैं। उनका दावा है कि वे यहां ऐसे-ऐसे खेल दिखाएंगे जो शहरवासियों ने नहीं देखे होंगे। हवा में नाचती हुई छड़ी, जिंदा लड़के को दो टुकड़े में काटने आदि खेल के अलावा जादू के माध्यम से वे भ्रूण हत्या, नशामुक्ति, नारी सम्मान आदि का संदेश भी देंगे। उन्होंने कहा कि उनका खेल तीन साल के बच्चे से लेकर 60 साल के बुजुर्ग तक सपरिवार बैठकर देख सकते हैं। उन्होंने कहा कि तीन अगस्त (शुक्रवार) को पूर्वाहन में वे अपनी आंख पर काली पट्टी बांधकर शहर बाइक से भ्रमण करेंगे ।इस कार्यक्रम का उनका उद्देश्य यह संदेश देना है कि जब एक जादूगर अपनी आंखें बंद कर यातायात नियमों का पालन करते हुए बाइक चला सकता है तो आम लोग खुली आंखों से बाइक चलाते हुए लापरवाही नहीं बरतें और यातायात नियमों का पालन करें। उन्होंने बताया कि तीन अगस्त (शुक्रवार) से उनका शो दाउदनगर के नगर भवन में शुरू हो रहा है ,जिसका उद्घाटन एसडीओ अनीस अख्तर द्वारा शुक्रवार की शाम किया जाएगा।
