बीईओ ने बताया कि जिन निजी शिक्षण संस्थानों ने अभी तक सूची नहीं सौंपी है वे जमा कर दें अन्यथा उच्च पदाधिकारियों को सूचित करते हुए नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी रामानुज सिंह ने निजी शिक्षण संस्थानों को 3 दिनों के भीतर वैसे कमजोर बच्चों की सूची सौप देने का निर्देश दिया है ,जिन्हें शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत निजी शिक्षण संस्थान अपने संस्थानों में निशुल्क शिक्षा प्रदान करते हैं । दाउदनगर प्रखंड के 20 प्राइवेट आवासीय विद्यालयों की गहन जांच हेतु जांच कमेटी का गठन किया गया है।जिन निजी विद्यालयों को प्रस्वीकृति नहीं मिली है वे 7 अक्टूबर तक सर्व शिक्षा अभियान कार्यालय औरंगाबाद में रजिस्ट्रेशन हेतु अपना फॉर्म जमा कर दें ।साथ ही उन्हें प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय में शपथ पत्र देना है होगा कि उनके यहां पढ़ने वाले बच्चों में से कोई बच्चा सरकारी विद्यालयों में नामांकित नहीं है। उन्होंने यह भी बताया कि 1 अक्टूबर को प्रखंड के सभी प्राथमिक एवं मध्य विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों की बैठक बुलाई गई है, जिसमें उन्हें बाल विवाह मुक्ति एवं दहेज मुक्त बिहार बनाने का शपथ पत्र की प्रति प्रदान की जाएगी प्रधानाध्यापक 2 अक्टूबर को अपने अपने विद्यालयों में शपथ दिलवाएंगे।