स्वच्छ भारत मिशन एवं लोहिया स्वच्छ अभियान के तहत जीवीका महासभा का आयोजन प्रखंड कार्यालय परिसर में किया गया।संबोधित करते हुए डीआरडीए के डायरेक्टर शिव कुमार शैव ने कहा कि औरंगाबाद जिले के करीब ढाई लाख परिवारों में से करीब डेढ़ लाख घरों की महिलाएं जीवीका के सदस्य हैं।एक सूची के अनुसार इनमें से करीब सवा लाख के घरों में शौचालय नहीं है।व्यवहार में परिवर्तन लाने की आवश्यकता है।जो शौचालय आप बनवाएंगे,वह आपका होगा,उससे आपका लगाव होगा,आप उसका प्रयोग करेंगे।एसडीओ अनीस अख्तर ने कहा कि 80 फीसदी बीमारियां खुले में शौच के कारण होती हैं,सबसे महत्वपूर्ण बात तो यह है कि इससे प्रतिष्ठा व मान सम्मान को ठेस पहुंचता है।जहां सोच है,वहां शौचालय है।दाउदनगर प्रखंड में जीवीका दीदी की संख्या करीब पंद्रह हजार है और यदि वे चाहें तो एक महीने के भीतर इस प्रखंड को ओडीएफ बनवा सकती हैं।पहले अपने घर में शौचालय बनवाएं और तब दूसरों को भी प्रेरित करें।जो लोग घर में शौचालय रहते भी बाहर जाते हैं,उन्हें जागरुक करते हुए घर में बने शौचालय के प्रयोग हेतु जागरुक करें।
अनुमंडल लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी सह प्रभारी पदाधिकारी तेजनारायण राय ने कहा कि जीवीका दीदी स्वच्छता महा अभियान की महाशक्ति हैं।इस शक्ति के बदौलत ही यह मिशन सफल होगा।सोच को बदलने की जरुरत है।इंसान को अपने सम्मान की रक्षा स्वयं करनी चाहिए।संचालन करते हुए बीडीओ अशोक प्रसाद ने कहा कि पदाधिकारियों की टीम रोज सुबह गांवों में पहुंचकर जागरुक कर रही है,आपके सहयोग की जरुरत है।सभी पंचायतों में एक एक हजार शौचालय बनवाने का लक्ष्य है।करमा के मुखिया प्रतिनिधि धर्मेंद्र कुमार सिंह,तरारी मुखिया प्रतिनिधि राकेश कुमार ठाकुर,तरार मुखिया सर्वोदय प्रकाश शर्मा ने कहा कि शौचालय विहीन घरों में शौचालय निर्माण हेतु जागरुक किया जा रहा है। सीओ विनोद सिंह,पी ओ शैलेंद्र कुमार सिंह,प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी डा.मुकेश कुमार,बी ए ओ संजय कुमार भी उपस्थित रहे।

