
राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के शहादत दिवस के मौके पर क़ौमी एकता कवि सम्मेलन सह मुशायरा का आयोजन मंगलवार रात्रि में अनुमंडल प्रशासन की ओर से दाउदनगर प्रखंड कर्यालय के परिसर में किया गया। जिसमे मंच का संचालन श्री शंकर कवि के द्वरा किया गया।जब कवि महिला पूनम श्री वास्तव ने जब गजल और गीत पढ़ी तो दर्शक दीर्घा से तालियों की गड़गड़ाहट गूंज उठी। कवि अहमद आजमी ने मुल्क पर कवि पढ़ा-
“आज की बात कल पर न टाली जाये।
मिलकर रहकर कोई बात निकाली जाए”
तो दर्शक तालिया लगाने पर मजबूर हो गये।श्री गणेश जी ने आज के राजनैतिक महौल पर जम कर कटाक्ष किया।मो सलिम शिवाली ने आज के बिगड़ते महौल पर जब ये लाईन पढ़ी तो
“मोहब्बत हो तो हम लेकर गले का हार बैठे हैं।
न हो तो उल्फत उस जूते का हार ले कर बैठे हैं”।

तो दर्शक वाह वाह करने लगे।डॉ हरिनारायण हरीश जी देश के बीच पनप रहे हिंदू और मुसलमानों के बीच खाई पाटने का बख़्या किया उन्होंने कहा आप सभी लोग भूल जाएंगे जाती और बरादरी जब इन्होंने महाभारत का बख़्यान किया तो लोग तालिया बजाने पर मजबूर हो गए। इस मौके पर दाउदनगर अनुमंडल पदाधिकारी जनाब अनीस अख्तर, डी डी सी श्री संजीव कुमार सिंह, डायरेक्टर शिव कुमार शैव ओबरा के प्रखंड विकास पदाधिकारी, विधयाक वीरेंद्र कुमार और गण्यमान श्रोता गण आदि मौजूद थे।