नहीं करें तेज बुखार को नजर अंदाज

    

     

   हसपुरा, 13 अप्रैल-   गर्मी व बरसात के मौसम में नहीं करें तेज बुखार को नजर अंदाज । यह आपके लिए व आपके पन्द्रह साल से छोटे बच्चों के लिए जानलेवा व घातक साबित हो सकता है,क्योंकि यह ए.इ.एस.जैसी गंभीर बिमारियाँ मलेरिया,डेंगु,चिकनगुनियाँ व मस्तिष्क ज्वर हो सकता हैं ।

         उपरोक्त बातें पाथ के प्रखंड मोनिटर अरविन्द कुमार सिन्हा ने हसपुरा के राजकीय मघ्य विधालय में आयोजित सामुदायिक बैठक में स्कुली बच्चों को मच्छरजनित बिमारियों से जागरूक करते हुये कही ।

       बैठक में श्री सिन्हा ने बताया कि मच्छरजनित बिमारियों में से सबसे ज्यादा लाइलाज व जानलेवा बीमारी मस्तिष्क ज्वर है जो एक साल से पन्द्रह साल के बीच आयुवर्ग के बच्चों को  क्यूलेक्स नामक मादा मच्छर के काटने से होती हैं। इस बीमारी में तेज बुखार के साथ उल्टी, कँपकँपी,बेहोशी, नींद में बड़बड़ाना,दाँत पे दाँत कटकटाना,मुँह से झाग आना, गर्दन का लुढ़क जाना,चमकी आना, कमजोरी व सुस्ती जैसे लक्षण दिखायी पड़ते हैं, ऐसी स्थिति म़ें रोगी को ठंढे पानी की पट्टी देकर यथाशीध्र निकटतम सरकारी स्वास्थ्य केन्द्र भेजना चाहिए जिससे समय पर रोगी की जान बचायी जा सके ।

          श्रीसिन्हा का कहना था कि मस्तिष्क ज्वर नामक बीमारी से बचाव के लिए नौ माह से 24माह के आयुवर्ग के बच्चों को जे.इ के दो टीके अवश्य लगवाने.चाहिए । घर मे एवं घर के बाहर सहित नली नाले की साफ सफाई पर विशेष घ्यान देना चाहिए ।

   बैठक श्रीसिन्हा ने स्कुली बच्चियों को जहाँ तहाँ खुले में शौच नहीं करने की सलाह दी वहीं उन्होने बच्चों को दिनभर मे कम से कम.छह.बार अपने अपने हाथों को साबुन से साफ करने के बारे में जानकारी दी ।

           ——————-

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.