दीपावली और छठ पूजा को लेकर अग्निशमन विभाग द्वारा पांडालों की सुरक्षा को लेकर गाइडलाइन जारी किया गया है।प्रेस बयान जारी कर अग्निशमन पदाधिकारी रविंद्र कुमार ने बताया कि पूजा पंडाल फायर रिटारडेंट सोल्यूशन में उपचारित किए हुए कपड़े का बनाया जाना चाहिए।क्योंकि ऐसे कपड़ों में आग काफी धीमी गति से सुलगती है।पंडालों में कम से कम तीन दरवाजा होना चाहिए।जिसमें.एक सामने तथा दो पीछे में हो. हवन की व्यवस्था पंडाल से बाहर एवं सुरक्षित व खुले स्थान में होना चाहिए ।अगरबत्ती एवं दीपक जलाने की व्यवस्था जमीन पर कपड़ों से दूर होनी चाहिए।उन्होंने कहा कि इस बात का ख्याल रखें कि आपातकालीन स्थिति में अग्निशमन वाहन के रास्ते में रुकावट न आए। प्रत्येक पंडाल में पानी से भरा हुआ कम से कम चार ड्रम पानी,चार बाल्टी,चार मग, ड्राई केमिकल पाउडर, अग्निशमन यंत्र एवं चार जूट का बोरा समेत अन्य आवश्यक सामग्री सुरक्षित रखें। सांस्कृतिक कार्यक्रम खुले स्थान पर आयोजित करें एवं खुले पंडाल में व्यवस्था करें ।पटाखा विक्रेता अपनी दुकान के बगल में बालू एवं पानी से भरी हुई बालटी व जूट का बोरा अवश्य रखें। अग्निशमन पदाधिकारी ने बताया कि निर्देशों का पालन नहीं करने वाले पूजा समितियों एवं पटाखा दुकानदारों पर कार्रवाई की जाएगी।अगर सुरक्षा नहीं बरती गई तो अगलगी की घटनाओं से जनजीवन को नुकसान हो सकता है।