दाऊदनगर एवं औरंगाबाद के कलाकारों के दीवाने हुए चंडीगढ़ के दर्शक

चंडीगढ़ थिएटर फेस्टिवल-2017 के लिए देशभर से तीन नाटकों का चयन किया गया था जिसमें धर्मवीर भारती द्वारा लिखित एवं निर्देशित हिंदी नाटक “अंजाम-ए-गुलिस्तां क्या होगा?” को भी शामिल किया गया था। डिपार्टमेंट ऑफ कल्चरल अफेयर्स, चंडीगढ़ एडमिनिस्ट्रेशन और टैगोर थिएटर सोसाइटी के विशेष आमंत्रण पर 27 मई को इस नाटक का शानदार मंचन हुआ। इस नाटक का मंचन इतने शानदार तरीक़े से हुआ कि फ़ेस्टिवल के आख़री दिन तक कलाकारों को बधाइयाँ मिलती रहीं। फेस्टिवल के लिए चयनित तीन नाटकों में यह नाटक प्रभावशाली रहा और चंडीगढ़ के सभी प्रतिष्ठित समाचार पत्रों की सुर्खियों में रहा। 
टैगोर थियेटर सोसाइटी के अध्यक्ष बलकार सिंह सिधु ने कहा कि “अंजाम-ए-गुलिस्तां क्या होगा?” प्रयोगात्मक नाटक है, विषय समकालीन एवं यथार्थ है, भ्रष्ट सिस्टम को आहार श्रृंखला एवं डार्विन के विकासवाद सिद्धान्त के माध्यम से कॉमिक रूप में प्रदर्शित करना दर्शकों के मानस पटल पर गहरा प्रभाव छोड़ता है। चंडीगढ़ थिएटर फेस्टिवल-2017 का आयोजन चंडीगढ़ के सेक्टर 18 में स्थित टैगोर थियेटर में  किया गया था। इस तीन दिवसीय नाटक  फ़ेस्टिवल में पहला दिन रंगकर्मी एवं बॉलीवुड की मशहूर अभिनेत्री हिमानी शिवपुरी और बॉलीवुड के हास्य अभिनेता लिलिपुट का संयुक्त रूप से ‘तोता मैना की कहानी’ नाटक का मंचन किया गया था। 


दूसरे दिन औरंगाबाद के नाट्य भारती ग्रुप द्वारा हिंदी नाटक ‘अंजाम-ए-गुलिस्तां क्या होगा? नाटक टीम के मैनेजर सोनू अग्रहरी ने कहा कि मशहूर हिंदी नाटक “अंजाम-ए-गुलिस्तां क्या होगा?” का मंचन इससे पहले देहरादून, कोलकत्ता और शिमला में किया जा चुका है। ज्ञात हो कि कोलकाता के सत्यजीत राय थीयटर में इसका मंचन पिछले वर्ष हुआ था जिसमें इस नाटक ने प्रथम स्थान प्राप्त कर दाऊदनगरवासियों को गौरान्वित किया था।


नाटक में किरदार निभाया रणवीर कुमार आम आदमी एक, आफ़ताब राणा आम आदमी दो, धर्मवीर भारती बड़ाबाबू , मधुलिका रानी महिला क्लर्क, नागेंद्र दुबे ब्यूरोक्रेट, संजर रहमान क्लार्क, मज़हर खान कंप्यूटर बाबू, सोनू अग्रहरी दलाल, संकेत सिंह चपरासी, संदीप सिंह पटवारी, डॉली सरकार की प्रतिनिधि के रूप में। नाटक में रूप सज्जा दीपरानी की।  राजीव कुमार पांडेय नाटक में म्यूजिक डायरेक्टर की भूमिका निभाई और चंदन ने नाल वादन किया।

Leave a Reply