दाऊदनगर की मिट्टी से जुड़े एक अज़ीम शायर: डॉ० बख़्तेयार नवाज़

चेहरे से भोले-भाले, होंठों पे मुस्कान, घुंघराले बाल, दरम्यानी क़द, आँखों पे चश्मे, हर किसी से ख़ुश-अख़लाक़ी से मिलने वाले और सबलोगों का भला चाहने वाले। मैं बात कर रहा हूँ डॉक्टर बख़्तेयार नवाज़ साहब की जो दाउदनगर से दूर होकर भी दूर नहीं हैं, नहीं भूले हैं अपने वतन को और अपने वतन के लोगों को। हमें फ़क्र है इनपे और हमारी दाउदनगर की मिट्टी पे जहाँ से इतने कर्मठ लोगों की कड़ी जुड़ी है। इनकी पैदाईश 1 सितंबर 1969 को हमारे ही शहर दाउदनगर में हुआ। इनके वालिद (पिता) का नाम मोहम्मद मोहिद्दीन साहब था जो पेशे से डॉक्टर थे और दाउदनगर कस्बे के बहुत ही नामचीन लोगों में शुमार रह चुके थे। दाउदनगर में जहाँ पर इनका घर हुवा करता था वो जगह आज भी हमदर्द दवाखाना के नाम से मशहूर है। डॉक्टर बख़्तेयार नवाज का तालीम (शिक्षा) की शुरुआत इनके ही घर से वालिदैन (माता-पिता) के देख-रेख में शुरू हुई फिर इन्होंने मैट्रिक, इण्टर और स्नातक तक की पढ़ाई दाउदनगर से ही पूरा किए। इन्होंने आगे की पढ़ाई जारी रखने के लिए बनारस का रुख किया, जहाँ इन्होंने बनारस हिंदु यूनिवर्सिटी से (M.A) उर्दू ऑनर्स की पढ़ाई किए और फिर मेडिकल भी, यूँ कहें की इन्होंने तालीम हासिल करने का सिलसिला लंबे अर्से तक क़ायम रखा हैं। डॉक्टर बख़्तेयार नवाज़ मेडिकल करके अपने वालिद मोहतरम की तरह बख़ूबी मरीज़ो का इलाज़ करते हैं। ये जब अपने क्लीनिक पे होते हैं तो एक बेहतर डॉक्टर की तरह पूरी निष्ठा के साथ मरीज़ो का इलाज करते हैं और वही जब किसी मुशायरे में होते हैं तो अपने नज़्मों से शमा में चार चाँद लगा देते हैं। बख्तेयार नवाज़ द्वारा लिखे ग़ज़ल और शायरी  दैनिक अखबार में प्रकाशित होने के साथ-साथ आकाशवाणी वाराणसी से भी इनके ग़ज़ल को प्रसारित किया जाता है।

डॉ० बख़्तेयार नवाज़ के कलम से लिखे शायरी जो सीधे लोगों के दिलों में उतरते हैं, इनके दिल का दर्द और दुनियां के लिए ग़ौरो-फ़िक्र बयाँ करती है। इनके कलम से लिखे चंद शेर आपके खिदमत में पेश कर रहा हूँ:-

मिलते हैं लोग चेहरे पे चेहरा लगा के रोज़
इस दौर में है कितना अदाकार आदमी,

सच बोल कर तो फ़ाक़ा कशी ही मिली मुझे
खुशियों में खेलता है रियाकार आदमी!

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डॉ० बख़्तेयार नवाज़ साहब ने कई सारे किताबें भी लिखें हैं। इनके द्वारा लिखें ग़ज़ल, नज़्म, कहानी के किताबें निम्न हैं:- 

1. कलम के आँसू

2.  वतन के आँसू

3. ज़ुनून का मौसम

4. वजूद

5. सिया-ए-कलम

6. कश्मकश

7. दर्द के फूल

8. सुनहरी मिट्टी

9. लफ्ज़ो का मिनार                                    

                                        (शाहिद क़य्यूम)